मिस्त्र के राष्ट्रपति हुस्नी मुबारक के उत्तराधिकारी माने जा रहे उनके पुत्र गमाल मुबारक परिवार के साथ ब्रिटेन रवाना हो गए हैं। पिछले कुछ दिनों से राजधानी काहिरा सहित मिस्त्र के कई शहरों में राष्ट्रपति के खिलाफ हो रहे हिंसक प्रदर्शनों के बाद उन्होंने यह कदम उठाया है। अमेरिका स्थित अरबी वेबसाइट अकबर अल अरब के मुताबिक गमाल अपनी पत्नी और बेटी के साथ पश्चिमी काहिरा के हवाईअड्डे से मंगलवार को लंदन रवाना हुए। काहिरा और मिस्त्र के अन्य शहरों में हिंसक आंदोलन के दौरान गमाल के ब्रिटेन जाने की यह खबर सामने आई है। प्रदर्शनकारियों की मांग है कि देश में 30 साल से जारी आपातकाल का अंत हो, राष्ट्रपति को दो कार्यकाल से ज्यादा समय पर पद पर रहने पर रोक लगे और आंतरिक मंत्री हबीब अल अदली को पद से हटाया जाए। ट्यूनीसिया में हुए विद्रोह से प्रभावित होकर मिस्त्र में विपक्षी दलों ने इंटरनेट पर एक अभियान शुरू किया था जिसके बाद यह विरोध प्रदर्शन शुरू हुए। ट्यूनीसिया में कई सप्ताह तक चले विरोध प्रदर्शनों के बाद राष्ट्रपति जिने अल आबेदिन अली को इस माह की शुरूआत में पद छोड़ना पड़ा। मिस्त्र के समाचार पत्र अल वफ्द के मुताबिक मध्य काहिरा में हुई हिंसा में मंगलवार को एक पुलिस अधिकारी की हत्या कर दी गई। हाल ही में अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी के पूर्व प्रमुख और मिस्र के प्रमुख विपक्षी नेता मोहम्मद अलबरदेई ने हुस्नी मुबारक का शासन उखाड़ फेंकने की मांग की थी। मिस्र कुछ दिनों पहले ही चुनाव हुए, जिनमें बड़े पैमाने पर धांधली के आरोप लगे थे।
Saturday, January 29, 2011
ट्यूनीसिया के बाद हिलने लगी मिस्र की सत्ता
मिस्त्र के राष्ट्रपति हुस्नी मुबारक के उत्तराधिकारी माने जा रहे उनके पुत्र गमाल मुबारक परिवार के साथ ब्रिटेन रवाना हो गए हैं। पिछले कुछ दिनों से राजधानी काहिरा सहित मिस्त्र के कई शहरों में राष्ट्रपति के खिलाफ हो रहे हिंसक प्रदर्शनों के बाद उन्होंने यह कदम उठाया है। अमेरिका स्थित अरबी वेबसाइट अकबर अल अरब के मुताबिक गमाल अपनी पत्नी और बेटी के साथ पश्चिमी काहिरा के हवाईअड्डे से मंगलवार को लंदन रवाना हुए। काहिरा और मिस्त्र के अन्य शहरों में हिंसक आंदोलन के दौरान गमाल के ब्रिटेन जाने की यह खबर सामने आई है। प्रदर्शनकारियों की मांग है कि देश में 30 साल से जारी आपातकाल का अंत हो, राष्ट्रपति को दो कार्यकाल से ज्यादा समय पर पद पर रहने पर रोक लगे और आंतरिक मंत्री हबीब अल अदली को पद से हटाया जाए। ट्यूनीसिया में हुए विद्रोह से प्रभावित होकर मिस्त्र में विपक्षी दलों ने इंटरनेट पर एक अभियान शुरू किया था जिसके बाद यह विरोध प्रदर्शन शुरू हुए। ट्यूनीसिया में कई सप्ताह तक चले विरोध प्रदर्शनों के बाद राष्ट्रपति जिने अल आबेदिन अली को इस माह की शुरूआत में पद छोड़ना पड़ा। मिस्त्र के समाचार पत्र अल वफ्द के मुताबिक मध्य काहिरा में हुई हिंसा में मंगलवार को एक पुलिस अधिकारी की हत्या कर दी गई। हाल ही में अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी के पूर्व प्रमुख और मिस्र के प्रमुख विपक्षी नेता मोहम्मद अलबरदेई ने हुस्नी मुबारक का शासन उखाड़ फेंकने की मांग की थी। मिस्र कुछ दिनों पहले ही चुनाव हुए, जिनमें बड़े पैमाने पर धांधली के आरोप लगे थे।
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