आज होंगे 30 समझौते
इंडोनेशिया के राष्ट्रपति सुसीलो बामबांग युधोयोनो भारत की तीन दिवसीय यात्रा पर दिल्ली पहुंच गए हैं। मंगलवार को वह दोनों देशों के बीच शिष्टमंडल स्तर की वार्ता तथा व्यापार शिखर बैठक में हिस्सा लेंगे। इन बैठकों में करीब 30 समझौतों पर हस्ताक्षर किए जाएंगे। इंडोनेशियाई राष्ट्रपति आगामी 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस परेड समारोह में मुख्य अतिथि भी होंगे। इंडोनेशिया के राष्ट्रपति सुसीलो बामबांग युधोयोनो और प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के साथ मंगलवार को होने वाली प्रतिनिधिमंडल की बैठक के बाद प्रत्यर्पण संधि के अलावा आतंकवाद को रोकने के लिए आपसी सहयोग बढ़ाने ,ऊर्जा, आधारभूत ढांचा, प्राकृतिक संसाधन, उत्पादन तथा सेवा क्षेत्र के अलावा संस्कृति शिक्षा ,विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, समुद्री सुरक्षा, क्षेत्र में आपसी सहयोग बढ़ाने,काले धन पर अंकुश लगाने तथा दोनों देशों की जनता के बीच आपसी संपर्क बढ़ाने के बारे में विभिन्न समझौतों के अलावा व्यापार तथा आर्थिक क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने समेत लगभग 30 समझौतों पर हस्ताक्षर होगें। इसमें16 समझौते आर्थिक तथा व्यापारिक सहयोग के क्षेत्र में निवेश बढ़ाए जाने पर हैं। उच्च पदस्थ सूत्रों के अनुसार भारत की पूवरेन्मुखी नीति(लुक ईस्ट) केतहत इंडोनेशिया एक महत्वपूर्ण देश है। इस संदर्भ में युधोयोनो की भारत यात्रा बहुत महत्वपूर्ण है। सूत्रों के अनुसार इस दौरान दोनों देशों के बीच इन समझौतों में एक समझौता दोनों देशों के व्यापार मंत्रियों के बीच द्विवाषिर्क विचार विमर्श के लिए एक संस्थागत ढांचा विकसित करने के बारे में भी है। दोनों देशों के शीर्ष नेता व्यापार शिखर वार्ता में हिस्सा लेंगे जिसमें दोनों देशों के 500 से अधिक व्यापार एवं उद्योग जगत के प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे। गौरतलब है कि आसियान देशों में इंडोनेशिया भारत का दूसरा सबसे बड़ा व्यापारिक साझीदार है। दोनों देशों के बीच पिछले पांच वर्षो मेंव्यापार तिगुना बढ़ गया है। वर्ष 2005 में यह जहां लगभग चार अरब डालर था वहीं 2010 में बढ़कर 12 अरब डालर हो गया। वर्ष 2015 में इसके 25 अरब डालर तक पहुंचने का लक्ष्य रखा गया है। दोनों देशों के बीच में होने वाली शिष्टमंडल स्तर की वार्ता में दोनों देशों के बीच 2005 में हुई सामरिक साझीदारी के क्षेत्र में हुई प्रगति पर भी विचार किया जाएगा। वर्ष 2007 में दोनों देशों के बीच हुए तीसरे संयुक्त आयोग की बैठक में इस साझीदारी के क्रियान्वयन को लेकर एक कार्य योजना बनी थी। सूत्रों के अनुसार इंडोनेशिया में ऊर्जा के प्रचुर भंडार होने की वजह से इस यात्रा से वहां भारतीय कंपनियां उत्तम क्वालिटी का कोयला क्रय क्षेत्र में व्यापार और बढ़ने के संकेत हैं।
आसियान में हमारा दूसरा सबसे बड़ा व्यापारिक साझीदार है इंडोने शिया
गणतंत्र दिवस परेड समारोह में मुख्य अतिथि हों गे राष्ट्रपति युधोयोनो
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