रियो डी जेनेरियो, आइएएनएस : प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह जी-20 शिखर सम्मेलन में भाग लेने के बाद रियो+20 शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए बुधवार को मेक्सिको से यहां पहुंचे। प्रधानमंत्री विश्व के शीर्ष नेताओं के साथ गरीबी घटाने, सामाजिक न्याय बढ़ाने एवं सतत तरीके से पर्यावरण संरक्षण के मुद्दे पर रास्ते तलाशेंगे। आर्थिक विकास एवं पर्यावरण संकट की विरोधाभासी चुनौतियों के बीच तीन दिवसीय रियो+20 सम्मेलन बुधवार से ब्राजील के रियो डि जेनेरियो शहर में शुरू हो गया। गरीबी उन्मूलन के लक्ष्य को हासिल करने की जिद्दोजहद के बीच 193 देशों के प्रतिनिधि हरी-भरी धरती का रास्ता तलाशने की कोशिश करेंगे। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की अगुआई में भारतीय प्रतिनिधिमंडल सम्मेलन में हिस्सा ले रहा है। इस सम्मेलन में 100 से ज्यादा देशों के राष्ट्राध्यक्ष और 50,000 से अधिक सामाजिक कार्यकर्ता हिस्सा ले रहे हैं। सम्मेलन में ग्लोबल वार्मिग के खतरे से निपटने के लिए कार्बन उत्सर्जन में बाध्यकारी कटौती पर जोर दे रहे विकसित देशों के दबाव से विकासशील देश कैसे निपटेंगे, यह देखने वाली बात होगी। मेजबान देश होने के नाते ब्राजील का झुकाव भी इस बार विकसित देशों की ओर दिखाई दे रहा है। चर्चा के लिए तैयार 50 पेज के मसौदे द फ्यूचर वी वांट में पर्यावरण संकट, जैव विविधता पर छाया संकट, प्राकृतिक आपदाओं जैसी तमाम समस्याओं का जिक्र होगा। मनमोहन-ओलेंड मुलाकात में रफाल पर हुई बात लॉस कैबोस : जी-20 शिखर सम्मेलन में फ्रांस के नए राष्ट्रपति फ्रांसुआ ओलेंड एवं प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने 20 अरब डॉलर के रफाल लड़ाकू विमान सौदे पर बात की। लॉस कैबोस में प्रधानमंत्री के साथ मौजूद शीर्ष भारतीय अधिकारियों ने कहा कि फ्रांस के राष्ट्रपति ने रफाल को चुनने पर प्रसन्नता जाहिर की। 20 अरब डॉलर के इस रक्षा सौदे को अब तक का सबसे बड़ा सौदा कहा जा रहा है। भारत ने फरवरी में रफाल को चुना था। ओलेंड ने प्रधानमंत्री से कहा कि उन्हें उम्मीद है कि रफाल की लागत के विषय में नई दिल्ली में जारी वार्ता जल्द ही पूरी हो जाएगी। रफाल फ्रांसीसी वायुसेना का प्रमुख लड़ाकू विमान है। निविदाओं में हारने के बाद भी अन्य कंपनियां सौदे को हासिल करने के लिए कई प्रकार के प्रस्ताव भारतीय रक्षा मंत्रालय को दे रही हैं। यह पूछने पर कि क्या फ्रांस के राष्ट्रपति ने इस विषय पर कोई चर्चा की तो अधिकारियों ने कुछ भी कहने से इन्कार कर दिया।
No comments:
Post a Comment